RadarHelpLive – cosmic dawn header

RadarHelpLive / Numbers / hi-IN

Numbers · hi-IN

मूलांक और भाग्यांक में क्या अंतर है?

मूलांक और भाग्यांक दोनों जन्मतिथि से निकाले जाते हैं, लेकिन उनकी गणना एक जैसी नहीं होती। सामान्य भारतीय अंकज्योतिष पद्धति में मूलांक जन्म के दिन से और भाग्यांक पूरी जन्मतिथि से निकाला जाता है।

प्रकाशित:

Numbers, RadarHelpLive परिवार का एक हिस्सा है, जहाँ संख्याओं से जुड़े विषय सरल भाषा में समझाए जाते हैं। यहाँ पहले दोनों शब्दों का अंतर समझते हैं, ताकि आगे कोई भी गणना पढ़ते समय भ्रम न रहे। RadarHelpLive.

मूलांक कैसे निकाला जाता है?

मूलांक में केवल जन्म के दिन को लिया जाता है। यदि जन्म 24 तारीख को हुआ हो, तो 2 + 4 = 6। यदि तारीख एक अंक की हो, जैसे 7, तो मूलांक सामान्यतः 7 माना जाता है। महीने और वर्ष को इस गणना में शामिल नहीं किया जाता।

उदाहरण के लिए, 24 अप्रैल 1991 और 24 दिसंबर 2002 को जन्मे दो लोगों का दिन-आधारित मूलांक 6 होगा, लेकिन उनकी पूरी जन्मतिथि अलग होने के कारण भाग्यांक अलग हो सकता है।

याद रखने का आसान नियम

मूलांक = जन्म का दिन। भाग्यांक = दिन + महीना + वर्ष की पूरी जन्मतिथि के अंकों का योग (चुनी गई पद्धति के अनुसार)।

भाग्यांक कैसे निकाला जाता है?

एक प्रचलित तरीके में जन्मतिथि के सभी अंक जोड़े जाते हैं। 24/04/1991 के लिए 2 + 4 + 0 + 4 + 1 + 9 + 9 + 1 = 30 और 3 + 0 = 3। इस उदाहरण में मूलांक 6 है और भाग्यांक 3।

कुछ परंपराएँ 11, 22 या 33 जैसे विशेष योगों को अलग तरह से संभालती हैं। इसलिए दो स्रोतों के नतीजे अलग हों तो पहले उनकी गणना-विधि की तुलना करें। भाग्यांक का नाम कहीं-कहीं लाइफ पाथ या डेस्टिनी नंबर के रूप में भी मिलता है, लेकिन सभी प्रणालियों में इन अंग्रेज़ी शब्दों का अर्थ बिल्कुल समान नहीं होता।

दोनों संख्याओं की भूमिका अलग क्यों मानी जाती है?

पारंपरिक व्याख्याओं में मूलांक को अक्सर जन्म-दिन से जुड़े व्यक्तित्व के संकेतों से जोड़ा जाता है, जबकि भाग्यांक जीवन-यात्रा के व्यापक प्रतीकात्मक विषयों को समझाने के लिए प्रयुक्त होता है। ये सांस्कृतिक और अंकज्योतिषीय मान्यताएँ हैं, वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित व्यक्तित्व-परीक्षण या निश्चित भविष्यवाणियाँ नहीं।

पहलूमूलांकभाग्यांक
आधारकेवल जन्म का दिनपूरी जन्मतिथि
24/04/1991 का उदाहरण63
सामान्य उपयोगदिन-आधारित प्रतीकात्मक अर्थजीवन-पथ से जुड़े प्रतीकात्मक अर्थ
ध्यान देने वाली बात

यदि किसी कैलकुलेटर पर केवल दिन पूछा जा रहा है, तो वह पूरी जन्मतिथि का भाग्यांक नहीं निकाल सकता। परिणाम देखते समय इनपुट और अपनाई गई विधि अवश्य जाँचें।

अपनी गणना कैसे जाँचें?

जन्मतिथि को दिन, महीना और वर्ष में सही लिखें। पहले दिन से मूलांक निकालें, फिर पूरी तारीख के अंकों से भाग्यांक। हर जोड़ का चरण नोट करें। इससे संख्या के पीछे की गणना स्पष्ट रहेगी और अलग-अलग पद्धतियों की तुलना आसान होगी।

संख्याओं के बारे में और जानना चाहते हैं?

Numbers – RadarHelpLive

Numbers

Numbers में उपलब्ध जानकारी और विषयों को देखें। किसी खास कैलकुलेटर की उपलब्धता पहले जाँचें।

Numbers देखें →
Matrix 22 – RadarHelpLive

आत्मचिंतन का एक और तरीका देखना चाहेंगे?

Matrix 22 जन्मतिथि के आधार पर एक व्यक्तिगत प्रतीकात्मक मानचित्र बनाता है। इसके जरिए प्रतिभाएँ, खूबियाँ, चुनौतियाँ और व्यक्तिगत विकास के विषय समझे जा सकते हैं। इसका «हम» भाग दो लोगों के रिश्ते की अनुकूलता और आपसी तालमेल को देखता है, जबकि «मेरा मार्ग» जीवन की व्यक्तिगत यात्रा पर केंद्रित है। यह Numbers के अंकज्योतिष से अलग दृष्टिकोण है।

Matrix 22 देखें →

संबंधित प्रश्न

जब गणना का तरीका स्पष्ट हो जाता है, तो संख्याओं की भाषा समझना भी आसान हो जाता है। अपनी जिज्ञासा के साथ आगे बढ़ें।